हितोपदेश विग्रह की कहानियाँ

हितोपदेश

नील से रंगे हुए गीदड़ की कहानी हितोपदेश : बहुत समय पहले एक घने वन में एक गीदड़ रहता था। वह अत्यंत चालाक था, लेकिन भोजन की तलाश में अक्सर जंगल छोड़कर नगर के आसपास भटकने चला जाता था। एक रात भोजन की खोज में घूमते-घूमते वह नगर के भीतर जा पहुँचा। वहाँ कुत्तों ने … Read more

हितोपदेश संधि की कहानी

हितोपदेश

बूढ़े बगुले, केंकड़े और मछलियों की कहानी हितोपदेश : बहुत समय पहले मालव देश में पद्मगर्भ नाम का एक विशाल और सुंदर सरोवर था। उस सरोवर का जल स्वच्छ और निर्मल था। उसमें अनेक प्रकार की मछलियाँ, केंकड़े और जलचर जीव आनंद से रहते थे। उसी सरोवर के किनारे एक बूढ़ा बगुला भी रहता था। … Read more

पंचतंत्र की प्रमुख कहानियाँ: संधि-विग्रह

पंचतंत्र

दो साँपों की कथा पंचतंत्र : एक नगर में देवशक्ति नाम का एक राजा राज्य करता था। उसका एक पुत्र था, जो अत्यंत सुंदर और गुणवान था। लेकिन दुर्भाग्य से उसके पेट में एक साँप चला गया था और उसी ने भीतर अपना निवास बना लिया था। उस साँप के कारण राजपुत्र का शरीर दिन-प्रतिदिन … Read more

पंचतंत्र की प्रमुख कहानियाँ: लब्धप्रणाशा

पंचतंत्र

गीदड़ गीदड़ ही रहता है पंचतंत्र: एक घने जंगल में एक शेर और शेरनी अपने परिवार के साथ रहते थे। कुछ समय पहले शेरनी ने दो सुंदर बच्चों को जन्म दिया था। शेर प्रतिदिन जंगल में शिकार करने जाता और हिरण या दूसरे जानवर मारकर अपने परिवार के लिए भोजन लाता। दोनों मिलकर अपने बच्चों … Read more

पंचतंत्र की प्रमुख कहानियाँ: लब्धप्रणाशा

पंचतंत्र

कुत्ता जो विदेश चला गया पंचतंत्र: एक गांव में चित्रांग नाम का एक कुत्ता रहता था। कुछ समय बाद उस गांव में भयंकर अकाल पड़ गया। खाने-पीने की इतनी कमी हो गई कि कई जानवर भूख से मरने लगे। कुत्तों की हालत सबसे ज्यादा खराब थी। भोजन के अभाव में बहुत से कुत्तों का पूरा … Read more

पंचतंत्र की प्रमुख कहानियाँ: लब्धप्रणाशा

पंचतंत्र

बंदर और मगरमच्छ पंचतंत्र: किसी नदी के किनारे एक विशाल पेड़ था। उस पेड़ पर एक बंदर रहता था। पेड़ पर बहुत मीठे और स्वादिष्ट फल लगते थे। बंदर रोज उन्हीं फलों को खाकर आनंद से अपना जीवन बिताता था। वह अकेला था, लेकिन अपनी दुनिया में खुश रहता था।एक दिन एक मगरमच्छ नदी से … Read more